Deepak Kumar Saini - B.E. (Civil) - Vastu & Geopathy Expert

गणपति को दूर्वा व जामुन फल क्यों चढ़ाए जाते हैं?

भगवान गणपति की खुराक बहुत तेज़ थी और उनके बारे में कहा जाता है कि वो एक बार में 100-100 लड्डू खा जाते थे।

गणपति की खुराक

अधिक मात्रा में लड्डू, मोदक, गुड़ और मिष्ठान का सेवन करने से भगवान गणपति भी मधुमेह का शिकार थे।

मधुमेह का शिकार

मधुमेह की बीमारी अगर किसी को भी युवावस्था में हो जाए तो वह व्यक्ति नपुंसक हो जाता है तथा उसमें संतान पैदा करने की क्षमता नष्ट हो जाती है।

मधुमेह की बीमारी

पौराणिक कथाओं में भी ऐसा कहा जाता है कि गणपति को मधुमेह की बीमारी थी जिस कारण उन्हें कभी संतान की प्राप्ति नहीं हुई।

संतान की प्राप्ति

संतान की प्राप्ति

गणपति को जामुन प्रिय है और जामुन व जामुन की गोलियाँ खाने से मधुमेह नष्ट हो जाता है।

जामुन

जामुन

गणपति जी को कैथ का फल भी बहुत प्रिय है जो बहुत ही कड़वा होता है तथा इसका सेवन भी करने से मधुमेह रोग का जड़ से सफाया होता है।

कैथ का फल

यदि मधुमेह ग्रसित प्राणी नियमित रूप से गणपति की पूजा के साथ-साथ जामुन और कैथ के फल का सेवन करे तो उनके सारे विघ्न और संताप ही नष्ट हो जाते हैं।

जामुन और कैथ का फल

वैज्ञानिकों के अनुसार जामुन और कैथ का फल सेवन करने से व्यक्ति को कभी भी मधुमेह नहीं होता है।

दोनों फलों का सेवन

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