Deepak Kumar Saini - B.E. (Civil) - Vastu & Geopathy Expert

माला जप करते समय रखें इन बातों का ध्यान

माला जप करते समय ध्यान रखें कि माला के मणि एक-दूसरे पर गिरकर आवाज न करें क्योंकि ऐसा होने पर माला जप व्यर्थ हो जाता हैं।

माला के मणि की आवाज

माला जप करते समय मेरु मणि के आते ही माला को उल्टे और किसी भी हालत में मेरु मणि को लाँघकर जप न करें। 

मेरु मणि

मेरु मणि

हमारे शास्त्रों में वर्णन है कि यदि गलती से मेरु मणि का उल्लंघन हो जाए तो 6 बार प्राणायाम जरूर करना चाहिए।

मेरु मणि उल्लंघन

मेरु मणि उल्लंघन

यदि माला जप करते समय माला हाथ से छुट जाए तो अशुभ होता है और इसके निवारण हेतु भी 6 बार प्राणायाम करना चाहिए।

माला का हाथ से छूटना

माला जप करते समय जपमाला अगर टूट कर गिर जाए तो भी अशुभ होता है इसके निवारण के लिए महामृत्युंजय मंत्र का जप करना चाहिए।

माला का टूटना

एक व्यक्ति एक ही माला का उपयोग करें तथा दूसरे की माला का उपयोग न तो स्वयं करें और न ही अपनी माला का उपयोग दूसरे को करने दें।

माला का उपयोग

हिंदू शास्त्रों के मुताबिक जप करने वाली माला को सर्वप्रथम हाथ में लेते ही पहले माला को नमन करना चाहिए।

माला नमन

माला नमन

लोक कथाओं के हिसाब से जप करने के बाद माला को किसी डिब्बी में रखें और माला जप करते समय किसी से बात न करें।

कहा रखें माला?

हिंदू मान्यताओं के तहत किसी के द्वारा माला उपयोग करने पर वह माला दूसरों को भेंट रूप में न दें।

भेंट करे या नहीं?

कभी भी गुरु से प्राप्त या किसी मृत व्यक्ति की याद स्वरुप माला का उपयोग जप के लिए बिलकुल न करें।

याद स्वरुप माला

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